“36 गुण मिलान” के पीछे असल में 8 अलग-अलग कूट (कैटेगरी) होते हैं, जिनके अंक जोड़कर कुल स्कोर बनता है।
आठों कूट और उनके अधिकतम अंक
- वर्ण (1 अंक): स्वभाव का स्तर
- वश्य (2 अंक): एक-दूसरे पर प्रभाव और नियंत्रण
- तारा (3 अंक): स्वास्थ्य और सामान्य कल्याण
- योनि (4 अंक): शारीरिक व यौन अनुकूलता
- ग्रह मैत्री (5 अंक): राशि स्वामियों की मित्रता
- गण (6 अंक): स्वभाव प्रकार (देव, मनुष्य, राक्षस)
- भकूट (7 अंक): चंद्र राशियों का संबंध
- नाड़ी (8 अंक): स्वास्थ्य और संतान से जुड़ा सबसे भारी कूट
अंक जितना ज़्यादा, उतना भारी कूट
ध्यान दें कि नाड़ी और भकूट के अंक सबसे ज़्यादा हैं, इसीलिए इन दोनों में दोष होने पर बाक़ी कूटों के अच्छे अंक भी उतना भरोसा नहीं देते।
अकेला अंक काफ़ी नहीं
हर कूट का अलग-अलग अंक देखना ज़रूरी है, सिर्फ़ कुल योग देखना अधूरी तस्वीर देता है।
अपना पूरा अष्टकूट विवरण देखें
कुंडली मिलान टूल पर दोनों की जन्म तारीख़ डालकर सभी 8 कूटों का ब्यौरा देखें, या पूरी प्रक्रिया के लिए कुंडली मिलान गाइड पढ़ें।
यह जानकारी वर्णनात्मक है; यह विवाह का निर्णय नहीं देती।